Garvi Gujarat Bhavan: अब दिल्ली में रहकर ही किए जा सकेंगे भगवान सोमनाथ के दर्शन, जानें पूरी details
  • >X

    Garvi Gujarat Bhavan: अब दिल्ली में रहकर ही किए जा सकेंगे भगवान सोमनाथ के दर्शन, जानें पूरी details

    नई दिल्ली के अकबर रोड पर बनाई गई आलीशान गुजराती हवेली की तर्ज पर निर्मित गरवी गुजरात भवन का उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2 सितम्बर, 2019 को किया था।
  • <>X

    Garvi Gujarat Bhavan: अब दिल्ली में रहकर ही किए जा सकेंगे भगवान सोमनाथ के दर्शन, जानें पूरी details

    इस भवन में ईको फ्रेंडली सुविधाओं का पूरा ध्यान रखा गया है। करीब 7 हजार वर्ग मीटर क्षेत्र में फैले भवन के निर्माण के लिए 131 करोड़ रुपए आबंटित किए गए थे लेकिन उससे कम खर्च में ही इसका निर्माण हो गया।
  • <>X

    Garvi Gujarat Bhavan: अब दिल्ली में रहकर ही किए जा सकेंगे भगवान सोमनाथ के दर्शन, जानें पूरी details

    नया भवन आधुनिकता और परम्परा का संगम है। इस भवन के बाहरी डिजाइन से लेकर आंतरिक साज-सज्जा में आपको गुजरात प्रदेश की परम्परा देखने को मिलेगी।
  • <>X

    Garvi Gujarat Bhavan: अब दिल्ली में रहकर ही किए जा सकेंगे भगवान सोमनाथ के दर्शन, जानें पूरी details

    इस 7 मंजिला खूबसूरत इमारत के डिजाइन में हरियाली और वाटर हार्वेस्टिंग का पूरा ध्यान रखा गया है। इसका निर्माण आगरा और धौलपुर के पत्थरों से हुआ है।
  • <>X

    Garvi Gujarat Bhavan: अब दिल्ली में रहकर ही किए जा सकेंगे भगवान सोमनाथ के दर्शन, जानें पूरी details

    गरवी गुजरात भवन में मुख्य द्वार से प्रवेश करते ही सामने की दीवार पर कम्प्यूटर न्यूमेरिकल कंट्रोल (सी.एन.सी.) विधि से बना संगमरमर का विशाल बरगद का वृक्ष आपका स्वागत करता है।
  • <>X

    Garvi Gujarat Bhavan: अब दिल्ली में रहकर ही किए जा सकेंगे भगवान सोमनाथ के दर्शन, जानें पूरी details

    इसे आध्यात्मिक ज्ञान के प्रतीक के तौर पर स्थापित किया गया है। वहीं, फर्श पर कच्छ की मशहूर कढ़ाई का खूबसूरत डिजाइन अंकित किया गया है जो आकर्षित करता है।
  • <X

    Garvi Gujarat Bhavan: अब दिल्ली में रहकर ही किए जा सकेंगे भगवान सोमनाथ के दर्शन, जानें पूरी details

    वटवृक्ष से आगे बढ़ने के बाद फर्श का डिजाइन बदल जाता है। यहां आपको पटोला साड़ी का खूबसूरत इनले देखने को मिलेगा। यहां एक स्टैंड पर स्थापित लकड़ी का शानदार झूला भी देखने को मिलेगा जो गुजरात के लगभग प्रत्येक घर में पाया जाता है।